रिपोर्ट- पुनीत मिश्रा
फर्रुखाबाद
में अन्ना मवेशियों ने किसानों का चैन छीन लिया है। मवेशी किसानों के
अरमानो को अपने पैरों तले रौंद रहे हैं। भले ही सूबे के मुखिया अन्ना
मवेशियों को पकड़वाने का फरमान जारी कर चुके हों पर ग्रामीण क्षेत्रों में
अन्ना मवेशियों के पकड़ने के लिए कोई अभियान नहीं चलाया जा रहा है। जिसके
चलते किसानो ने अन्ना मवेशियों को विद्यालयों मंदिरो में बंद करना शुरू कर
दिया है ।
जिले में किसानों की करीब 15 फीसदी फसल पर अन्ना मवेशी चोट कर रहे हैं। सर्द रातों में किसान खुले आसमान के नीचे फसलों की रखवाली करने को जाग रहे हैं। तारबंदी और रखवाली के बाद भी अन्ना मवेशी किसानों की फसलों पर तांडव कर रहे हैं। जिले का अन्नदाता अन्ना मवेशियो से जूझ रहा है। दिन के उजाले में मवेशी फसलों को चट कर रहे हैं तो वहीं इन फसलों को रौंद भी रहे हैं। जिले मे आवारा जानवरों का पूरी तरह आतंक हो चुका है। मवेशी हर रोज दिन और रात में किसानों को बड़ी चोट पहुंचा रहे हैं। जानकारों और किसानों की माने तो जिले में अन्ना मवेशियों ने किसानों को 20 से 25 लाख की चपत लगाई है। हर रोज 15 फीसदी से अधिक फसल को अन्ना मवेशी खराब कर रहे हैं। ग्रामीणो का कहना है कि अन्ना मवेशियों ने आतंक मचा रखा है। रात में भी फसल की रखवाली करने के लिए खेतों पर जाना पड़ रहा है। एक तो पहले से ही फसल का बाजिव मूल्य नहीं मिल रहा है और अन्ना मवेशी अब फसल को खराब कर रहे हैं।इससे अजीज आ चुके किसान बेसहारा मवेशियों से खासे परेशान हैं। खेतों में खड़ी फसलों को यह मवेशी बर्बाद कर रहे हैं। इससे परेशान ग्रामीणों ने आसपास खेतों में घूम रहे दो दर्जन से अधिक मवेशियों को पकड़कर थाना मेरापुर के ग्राम नगला मना स्थित प्राथमिक विद्यालय में बंद कर मेन गेट पर दूसरा ताला लगा दिया।
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