अरविन्द शर्मा ब्यूरो
आज
तक आप ने बड़े बड़े जाबाज देखे और सुने होगे लेकिन उनकी उम्र का भी एक दायरा
होता हे आज हम आप को एक ऐसे सख्श से रूबरू कराने जा रहे हे जिनके समाज के
प्रति सराहनीय कार्य बल्कि भारत देश के सभी राज्यों में गोल्ड मेडल जीतने
के बाद अपनी कई पुस्तको का बिमोचन भी किया है हम बात कर रहे हे उत्तर
प्रदेश के जनपद कानपुर देहात अकबरपुर के K S चौहान की जिनकी उम्र आज 78
साल हो चुकी हे लिहाजा आज भी इन्हें दौड़ में युवा भी पीछे नही छोड़ सकता
भारत देश के सभी राज्यों में 78 साल की उम्र में युवाओ के साथ रेस में
हिस्सा लिया और जीत का परचम लहराया जिसके बाद इनको कई देशो में रेस करने का
मौका मिला और वहा भी इन्होने भारत देश का गौरव बढ़ाया तो आईये देखिये
हमारी स्पेशल रिपोर्ट की ये उम्र ये हुनर|
अकबरपुर में रहने वाले K S चौहान आज इन दिनों चरचा का विषय बने हुए है
दरसल जैसे जैसे इनकी उम्र बढती जा रही हे वैसे वैसे K S चौहान का हुनर और
दोड में फुर्ती भी देखने को मिल रही अगर इनके बारे में आप जानेगे आप भी
अचम्भित हो जायेगे कहते है पढाई की कोई उम्र नही होती तो इन्होने ये भी
साबित कर दिया 70 वर्ष की आयु में 2010 में इन्होने B A के पेपर दिए और
इनकी पढाई आज भी जारी हे तीन बार अलग अलग सब्जेक्ट से M A किया व् इस
वर्ष भी K S चौहान युवाओ के बीच परीक्षा में बैठेगे इनके इसी अंदाज को
देखते हुए मीडिया की टीम ने इनसे मिलकर की खास बातचीत की व् इन्होने
मीडिया की टीम का भी पुष्प भेट करके सम्मान किया लिहाजा इन्ही उम्र इस
वख्त 78 साल हे 28 मार्च 2019 में M . A सोसलाजी का इग्जाम देगे व् इन्होने
ढेर सारी किताबे भी लिखी हे और लोगो को नशा छुडवाने के लिए लोगो के बीच
जाकर नई नई पहल करते हे और लोगो को नशा मुक्त बनाते हे .... सन 1988 में
हांगकांग व् 1990 में मलेशिया व् सन 1992 में इंडोनेशिया जापान व् दक्षिण
कोरिया जेसे देशो में रेस में हिस्सा लेकर युवाओ को हरा कर एक अनोखी मिशाल
कायम की हे और इनका चेलेंज है की इन्हें आज कोई भी रेस में इस उम्र में हरा
दे तो मुह मंगा ईनाम देगे फिलहाल आज तक सभी रेसो में जीत का परचम लहराया
हे और ये एक समाज सेवक के रूप में भी कानपुर देहात में जाने जाते हे इनकी
हुनर बाजी के किस्से यही नही खत्म होते एक अच्छे फनकार के रूप में भी जाने
जाते हे और इनके अन्दर देश प्रेम व् समाज के लिए नये नये काम करते हे
....
No comments:
Post a Comment
तहकीकात डिजिटल मीडिया को भारत के ग्रामीण एवं अन्य पिछड़े क्षेत्रों में समाज के अंतिम पंक्ति में जीवन यापन कर रहे लोगों को एक मंच प्रदान करने के लिए निर्माण किया गया है ,जिसके माध्यम से समाज के शोषित ,वंचित ,गरीब,पिछड़े लोगों के साथ किसान ,व्यापारी ,प्रतिनिधि ,प्रतिभावान व्यक्तियों एवं विदेश में रह रहे लोगों को ग्राम पंचायत की कालम के माध्यम से एक साथ जोड़कर उन्हें एक विश्वसनीय मंच प्रदान किया जायेगा एवं उनकी आवाज को बुलंद किया जायेगा।