रिपोर्ट -पुनीत मिश्रा
जेलों
में आजीवन कारावास की सजा भुगत रहे कैदियों की समय पूर्व रिहाई को लेकर
प्रदेश सरकार ने अपनी नीति घोषित की थी।जिसके तहत सेन्ट्रल जेल फ़तेहगढ़ में
निरुद्ध 16 वर्ष से अधिक सजा काट रहे 35 बंदियों की रिहाई कर दिया गया । आज
वह खुली हवा में साँस लेनें का मौका मिला है ।
सेन्ट्रल जेल में बंद
सजायाफ्ता कुल बंदियों से 360 बंदी वह निकले जिन्हें शासन की निति के हिसाब
से रिहाई मिलनी है। इन 360 सिद्ध दोष बंदियों की सूची शासन को भेजी गयी
थी। जिसमे से पहले चरण में फ़िलहाल 35 बंदियों को रिहा कर दिया गया ।
फर्रुखाबाद में जिनकी उम्र अधिक होने के साथ जेल के अंदर रहते हुए 16 वर्ष गुजार दिए वही किसी प्रकार से किसी से झगड़ा आदि नही किया है।
जिस समय जेल के बाहर खुली
हवा में निकले तो अपने परिजनों को देखते ही उनके गले मिलकर भावुक हो गए
थे।कुछ कैदियों को 26 साल से अधिक समय जेल में गुजारने के बाद बाहर निकले
तो उनका पूरा परिवार ही खत्म हो चुका है वह बता रहे थे जैसे जेल में बैसे
बाहर मेरा कोई रोने वाला नही है।जो जेल में रहकर कारीगरी सीखी है उसी के
सहारे अपना जीवन यापन करेंगे।जेल अधीक्षक ने बताया कि यहाँ से लिस्ट तो
लगभग तीन सैकड़ा कैदियों की भेजी गई थी लेकिन शासन से सिर्फ 35 कैदियों को
रिहा करने के आदेश प्राप्त हुए है।उसी के चलते इनको छोड़ा गया है।जैसे आगे
और कैदियों को छोड़ने के आदेश प्राप्त होंगे तो उनको भी जेल से रिहा कर दिया
जायेगा।
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