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Wednesday, 20 March 2019

वाराणसी- इलेक्शन कमिशन गंभीर, प्रचार वाहनों पर ध्वनि विस्तारक यंत्र बिना परमिशन इस्तेमाल न किए जाएं- डी एम

ब्यूरो वाराणसी - कैलाश सिंह विकास

बोले किसी धार्मिक स्थल का प्रयोग चुनाव प्रचार के लिए नहीं किया जा सकताकहा किसी भी प्रत्याशी के पक्ष में बगैर उसके अनुमति प्रचार सामग्री को लगाया जाना आपराधिक कृत्य जिलाधिकारी/ जिला निर्वाचन अधिकारी सुरेंद्र सिंह ने राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि आगामी लोकसभा सामान्य निर्वाचन 2019 के दौरान प्रत्याशियों के चुनावी व्यय पर आयोग की पैनी नजर रहेगी। इसके लिए गोपनीय तरीके से भी नजर रखी जा रही है। उन्होंने राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों से चुनाव खर्चे का विवरण सुचारू रूप से रखे जाने पर विशेष जोर दिया। कहा कि पेड न्यूज पर चुनाव आयोग गंभीर है। विज्ञापन को यदि न्यूज के रूप में किसी प्रत्याशी के पक्ष में प्रकाशित एवं प्रसारित जाता है तो उसे प्रत्याशी के चुनाव खर्चे में जोड़ा जाएगा।



प्रचार वाहन पर 6″×12″ का एक झंडा तथा दो स्टिकर

जिलाधिकारी/ जिला निर्वाचन अधिकारी सुरेंद्र सिंह मंगलवार को विकास भवन सभागार में राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों के साथ बैठक कर रहे थे। कहा कि किसी भी सरकारी एवं अर्द्ध सरकारी भवनों का इस्तेमाल चुनाव प्रचार के लिए किया जाए। निजी भवनों पर राजनीतिक दलों द्वारा प्रचार सामग्री लगाए जाने के लिए भवन स्वामी की अनुमति आवश्यक होगी। सार्वजनिक स्थानों की दीवारों पर चुनाव प्रचार संबंधित कतई पेंट न कराए जाएं। चुनाव प्रचार के दौरान प्रचार वाहनों को अनुमति प्राप्त करके ही संचालित कराए जाएं तथा प्रचार वाहन पर 6″×12″ का एक झंडा तथा दो स्टिकर ही लगाया जा सकता है। प्रचार वाहन पर बैनर का इस्तेमाल नहीं किया जा सकेगा। प्रचार वाहनों पर ध्वनि विस्तारक यंत्र बिना अनुमति प्रयोग न किए जाएं। उन्होंने विशेष रूप से जोर देते हुए कहा कि प्रचार वाहन पर बिना अनुमति ध्वनि विस्तारक यंत्र का प्रयोग किया जाना पकड़े जाने पर वाहन को सीज कर दिया जाएगा। प्रचार के दौरान टोपी, स्कार्प एवं मास्क सपोर्टर को दिया जा सकता है, लेकिन प्रचार संबंधी टीशर्ट प्रचार के रूप में निशुल्क वितरित नहीं किया जा सकता। किसी धार्मिक स्थल का प्रयोग चुनाव प्रचार के लिए नहीं किया जा सकता। किसी भी प्रत्याशी के पक्ष में बगैर उसके अनुमति प्रचार सामग्री को लगाया जाना आपराधिक कृत्य है। इसके लिए संबंधित व्यक्ति के विरूद्ध 171 आईपीसी के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। चुनाव आयोग द्वारा लोकसभा निर्वाचन के दौरान प्रत्याशी को प्रचार के लिए 70 लाख रुपये की सीमा निर्धारित किया गया है।

तीन वाहनों की ही अनुमति

बताया कि नामांकन के दौरान तीन वाहनों की ही अनुमति दी जाएगी तथा नामांकन स्थल पर प्रवेश प्रत्याशी के अलावा चार सहित कुल 5 लोगों को ही प्रवेश दिया जाएगा। चुनाव प्रचार के दौरान राजनीतिक दल कोई भी जानवर का इस्तेमाल नहीं कर सकते हैं। प्लास्टिक का प्रयोग भी प्रचार कार्य में नहीं किया जा सकेगा। चुनाव प्रचार के दौरान व्यक्तिगत जीवन पर आरोप-प्रत्यारोप न किए जाएं। उन्होंने पार्टी पदाधिकारियों को बताया कि किसी भी प्रकार की अनुमति सुविधा सॉफ्टवेयर के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन किया जा सकेगा। इसके अलावा एकल खिड़की की व्यवस्था के तहत अपर जिलाधिकारी नगर के कार्यालय में आवेदन किया जा सकता है। आवेदन प्राप्त होने की 24 घंटे के अंदर हर हालत में अनुमति प्रदान कर दी जाएगी। एक दिन में 10,000 से अधिक धनराशि नगद भुगतान नहीं कर सकेंगे राजनीतिक दल के लोग। किसी के घर के आगे धरना-प्रदर्शन नहीं किया जा सकता। सेना के किसी जवान अथवा व्यक्ति की फोटोग्राफ आदि प्रचार कार्य में प्रयुक्त नहीं किए जा सकते।

मतदाता जागरूक तो है, मतदान के लिए उन्हें जिम्मेदार बनाएं


जिलाधिकारी/ जिला निर्वाचन अधिकारी सुरेंद्र सिंह ने राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों से लोकसभा निर्वाचन के दौरान भारी मतदान सुनिश्चित कराए जाने के लिए लोगों को प्रेरित किए जाने की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि प्रशासन अपने स्तर पर लोगों को जागरूक करने के लिए कार्यक्रम चला रहा है। उन्होंने कहा कि वाराणसी के मतदाता जागरूक तो है, मतदान के लिए उन्हें जिम्मेदार बनाएं। मतदान केंद्र से 200 मीटर परिधि के बाहर तक मतदाता अपने परिवार के सदस्यों के साथ वाहन का प्रयोग कर मतदान करने के लिए जा सकेगा।

ये थे मौजूद

बैठक में अपर जिलाधिकारी प्रशासन राजेश श्रीवास्तव, अपर जिलाधिकारी नगर विनय कुमार सिंह, मुख्य कोषाधिकारी शिवराम सहित अन्य विभागीय के अधिकारी तथा राजनीतिक दलों के पदाधिकारी उपस्थित थे।

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